Sunday, March 8, 2026
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लेपर्ड हमले में मृतक के परिजनों से मिली विधिक सेवा प्राधिकरण की टीम

  • मुआवजा व निःशुल्क कानूनी सहायता का दिया भरोसा

उदयपुर, 7 मार्च। जंगली जानवरों के हमलों से पीड़ित लोगों को न्याय और मुआवजा दिलाने के उद्देश्य से जिला विधिक सेवा प्राधिकरण उदयपुर की टीम ने उपली बड़ी क्षेत्र में लेपर्ड हमले में मृतक व्यक्ति के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें आवश्यक कानूनी सहायता एवं शीघ्र मुआवजा दिलवाने का आश्वासन दिया।

राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जयपुर के तत्वावधान में जिला एवं सत्र न्यायाधीश तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण उदयपुर के अध्यक्ष ज्ञान प्रकाश गुप्ता के निर्देशन में राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली की मानव-वन्यजीव संघर्ष पीड़ितों के लिए न्याय तक पहुंच (नाल्सा एच.डब्ल्यू.सी.) योजना-2025 के तहत गठित टीम ने गांव उपली बड़ी पहुंचकर मृतक के परिवारजनों से मुलाकात की। प्राधिकरण सचिव कुलदीप शर्मा ने बताया कि नाल्सा द्वारा जारी इस योजना का उद्देश्य शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में जंगली जानवरों के हमलों से पीड़ित व्यक्तियों को समाज की मुख्यधारा में लाना तथा उन्हें मुआवजा दिलाने में कानूनी सहायता प्रदान करना है। योजना के तहत यदि किसी व्यक्ति पर जंगली जानवर हमला कर देता है और उसे क्षति पहुंचती है या उसकी मृत्यु हो जाती है, तो पीड़ित या उसके आश्रितों को निःशुल्क विधिक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।

श्री शर्मा ने बताया कि 1 मार्च 2026 को समाचार पत्रों में उपली बड़ी क्षेत्र में लेपर्ड हमले से एक व्यक्ति की मृत्यु की खबर प्रकाशित होने के बाद प्राधिकरण ने इस मामले में संज्ञान लिया। इसके बाद जिला कलेक्टर एवं मुख्य वन संरक्षक (वन्यजीव) को पत्र भेजकर मुआवजा प्रक्रिया से संबंधित जानकारी मांगी गई। उपवन संरक्षक अजय चितौड़ से रिपोर्ट प्राप्त होने पर एच.डब्ल्यू.सी. योजना के तहत नोडल अधिकारी संतोष कुमार मेनारिया तथा चीफ लीगल एड डिफेंस काउंसिल गोविंद वैष्णव (अधिवक्ता) को पीड़ित परिवार से मिलने के लिए गांव उपली बड़ी भेजा गया।

टीम ने मृतक के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें योजना की जानकारी दी और बताया कि मृतक की माता आश्रित पाई गई हैं, जिन्हें निःशुल्क विधिक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। साथ ही आवश्यक औपचारिकताएं पूरी कर वन विभाग के माध्यम से जल्द मुआवजा दिलवाने का भरोसा भी दिलाया गया। टीम ने ग्रामीणों को भी जागरूक करते हुए अपील की कि जब तक पैंथर को पकड़कर पिंजरे में नहीं डाला जाता, तब तक हॉटस्पॉट क्षेत्र के आसपास जाने से बचें। सचिव कुलदीप शर्मा ने जिले के नागरिकों से अपील की कि यदि किसी आवासीय क्षेत्र में जंगली जानवर की हलचल हो या उसके हमले से कोई घायल या मृत होता है, तो पीड़ित या उसके आश्रित निःशुल्क विधिक सहायता के पात्र हैं। ऐसी स्थिति में नाल्सा हेल्पलाइन 15100 या मोबाइल हेल्पलाइन 8306002022 पर संपर्क किया जा सकता है।

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