- 11 फीसदी विकास दर के साथ गत वर्ष की आलोच्य अवधि से एक हजार करोड़ अधिक राजस्व संग्रहित
उदयपुर, 19 मार्च। राज्य का खान विभाग चालू वितीय वर्ष में दस हजार करोड़ से अधिक के राजस्व संग्रहण के लक्ष्य को लेकर आगे बढ़ रहा है। प्रमुख सचिव माइंस श्री टी. रविकान्त ने फील्ड अधिकारियों से माह के अंतिम पखवाड़े में राजस्व संग्रहण के सभी संभावित क्षेत्रों से वसूली में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं। विभाग द्वारा गत वित्तीय वर्ष के करीब 9200 करोड़ के आंकड़े को पार कर लिया है और 11 प्रतिशत विकास दर के साथ 9426 करोड़ रुपए का राजस्व संग्रहित कर लिया है। यह गत वर्ष की इसी अवधि की तुलना में करीब एक हजार करोड़ रु. अधिक है। उन्होंने कहा कि विभाग द्वारा राजस्व वसूली की रणनीति तैयार कर फील्ड अधिकारियों को भेजी जा चुकी है।
प्रमुख सचिव माइंस श्री टी. रविकान्त गुरुवार को उदयपुर के खनिज भवन में वरिष्ठ अधिकारियों की बैठक ले रहे थे। उन्होंने कहा कि इस समय राज्य सरकार का राजस्व वसूली में नया कीर्तिमान स्थापित करने पर फोकस है। विभागीय रणनीति के अनुसार प्रधान और अप्रधान खनिजों के ऑक्शन ब्लाकों के अपफ्रंट पेमेंट राशि की वसूली, ऑक्शन अप्रधान खनिज ब्लाकों की प्रीमियम राशि, बकाया रॉयल्टी राशि, एक मुश्त समझौता योजना, अवैध खनन गतिविधियों की जुर्माना राशि और अन्य नई पुरानी बकाया राशि की वसूली के सख्त निर्देश दिए गए हैं। बैठक के दौरान उन्होंने तुलाई कांटों के ऑटोमाइजेशन और व्हीकल ट्रेकिंग सिस्टम की प्रगति की भी समीक्षा की और विभागीय मॉड्यूल्स के उपयोग के निर्देश दिए।
निदेशक माइंस श्री महावीर प्रसाद मीणा ने बताया कि विभाग द्वारा रेवेन्यू के संभावित क्षेत्रों में अधिक से अधिक वसूली पर फोकस किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि जल्द ही दस हजार करोड़ के आंकड़े को प्राप्त कर लिया जाएगा।
अतिरिक्त निदेशक मुख्यालय श्री महेश माथुर ने बताया कि राजस्व संग्रहण की मुख्यालय स्तर पर नियमित मोनेटरिंग करने के साथ ही फील्ड अधिकारियों से समन्वय बनाते हुए वसूली के समन्वित प्रयास किये जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि इस साल माइनिंग सेक्टर में राजस्व संग्रहण का नया रेकार्ड स्थापित किया जाएगा।
बैठक में वित अधिकारी सुरेश चन्द्र, अतिरिक्त निदेशक श्री महेश माथुर, अतिरिक्त निदेशक आईटी श्रीमती शीतल अग्रवाल, अधीक्षण खनि अभियंता श्री एसपी शर्मा, खनिज अभियंता श्री आसिफ अंसारी सहित विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने हिस्सा लिया।
