अमेरिकी शेयर बाजार में भारी गिरावट: ट्रंप के टैरिफ का असर बाजार पर साफ दिख रहा है। डोनाल्ड ट्रंप का यह फैसला वॉल स्ट्रीट को झटका दे रहा है। S&P 500 के लिए यह जून 2020 के बाद का सबसे खराब दिन साबित हुआ
ट्रंप के टैरिफ का असर अमेरिकी शेयर बाजार पर साफ नजर आ रहा है। डोनाल्ड ट्रंप के इस फैसले ने वॉल स्ट्रीट में हड़कंप मचा दिया है। टैरिफ को लेकर निवेशकों की प्रतिक्रिया इतनी तीव्र रही कि गुरुवार को S&P 500 में 2020 के बाद की सबसे बड़ी एक दिन की गिरावट दर्ज की गई।
Dow Jones Industrial Average में 4.0% की गिरावट आई और यह 40,545.93 पर बंद हुआ, जिसमें 1,600 अंकों से अधिक की गिरावट देखी गई। ट्रंप के टैरिफ के चलते निवेशकों में डर बढ़ गया है, जिससे बाजार मंदी, महंगाई और कमजोर मुनाफे के दौर में जाने की आशंका जता रहा है।

S&P 500 ने 4.8% की गिरावट दर्ज की और 5,396.52 पर बंद हुआ, जो जून 2020 के बाद सबसे खराब दिन साबित हुआ। वहीं, Nasdaq Composite 6.0% लुढ़ककर 16,550.60 पर बंद हुआ, जो मार्च 2020 के बाद की सबसे बड़ी गिरावट रही। बता दें, कोरोना संकट के दौरान 16 मार्च 2020 को S&P 500 में 12% की गिरावट आई थी।
टैरिफ का झटका: मंदी और महंगाई की आशंका गहरी
वेंचुरा वेल्थ मैनेजमेंट के टॉम काहिल का कहना है, टैरिफ उम्मीद से कहीं ज्यादा कड़े हैं। इसका असर न सिर्फ अमेरिकी अर्थव्यवस्था पर बल्कि कंपनियों के मुनाफे पर भी पड़ेगा। इस फैसले से नाइकी, मेसीज और टेक कंपनियों को बड़ा झटका लगा, जबकि एप्पल और अमेजन को सबसे ज्यादा नुकसान हुआ। अमेजन के शेयर 8.9% तक लुढ़क गए।

50 पार्क इन्वेस्टमेंट्स के एडम सरहान ने चेतावनी दी कि टैरिफ से कॉर्पोरेट मुनाफे में भारी गिरावट आएगी। उन्होंने कहा, बाजार में इतनी अनिश्चितता है कि मंदी का खतरा बढ़ रहा है। मौजूदा हालात में अमेरिका में मंदी की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।
शेयर बाजार में $2 ट्रिलियन का नुकसान
S&P डॉउ जोन्स इंडेक्स के हॉवर्ड सिल्वरब्लैट के अनुसार, S&P 500 में 4.8% की गिरावट से शेयर बाजार का मार्केट कैप $2 ट्रिलियन से अधिक घट गया। फिच रेटिंग्स के ओलु सोनोला ने कहा, यह अमेरिकी और वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए एक अहम मोड़ हो सकता है। कई देश इस असर के चलते मंदी की चपेट में आ सकते हैं।
