.संगोष्ठी, निबंध प्रतियोगिता व जनजागरूकता रैली से दिया संदेश
उदयपुर, 25 अप्रैल। राजकीय पशुपालन प्रशिक्षण संस्थान उदयपुर में शनिवार को 27वां विश्व पशुचिकित्सा दिवस उत्साहपूर्वक मनाया गया।
संस्थान के उपनिदेशक डॉ. द्वारका प्रसाद गुप्ता ने बताया कि विश्व पशुचिकित्सक संगठन के निर्देशानुसार पूरे विश्व में यह दिवस मनाया जाता है। इस वर्ष की थीम “पशुचिकित्सक भोजन और स्वास्थ्य के संरक्षक” पर आधारित संगोष्ठी, निबंध प्रतियोगिता एवं जनजागरूकता रैली का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि संयुक्त निदेशक पशुपालन डॉ. सुरेन्द्र छगाणी रहे। विशिष्ट अतिथि डॉ. शैलेन्द्र शुक्ला एवं डॉ. विजय माने थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता डॉ. द्वारका प्रसाद गुप्ता ने की।
कार्यक्रम संयोजक डॉ. ओमप्रकाश साहू ने बताया कि संगोष्ठी में वक्ताओं ने पशुचिकित्सकों की भूमिका को रेखांकित करते हुए कहा कि सुरक्षित खाद्य आपूर्ति सुनिश्चित करना तथा पशुओं से मानवों में फैलने वाली बीमारियों का नियंत्रण पशुचिकित्सकों की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है।
इस अवसर पर उपनिदेशक डॉ. द्वारका प्रसाद गुप्ता ने सभी को पशु एवं मानव स्वास्थ्य की रक्षा हेतु संकल्प की शपथ दिलाई। आयोजन में डॉ. महेन्द्र मेहता, डॉ. खुशाल सिंह सौलकी, डॉ. सविता मीणा, डॉ. जीवन कुमारी एवं डॉ. कर्मेन्द्र प्रताप उपस्थित रहे।
संस्थान की वरिष्ठ पशुचिकित्साधिकारी डॉ. पदमा मील ने बताया कि विद्यार्थियों के लिए आयोजित निबंध प्रतियोगिता में निष्ठा रावल, प्रकाश चौधरी एवं दिनेश गुर्जर को उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए सम्मानित किया गया। वहीं तनुज शर्मा, संताप गोस्वामी एवं कुलदीप बागौरा को उत्कृष्ट सेवाओं हेतु सम्मानित किया गया।

इस अवसर पर विद्यार्थियों द्वारा जनजागरूकता रैली निकाली गई, जो चेतक सर्किल से अस्पताल मार्ग होते हुए पुनः पशुधन परिसर पहुंची। कार्यक्रम में बीमार एवं घायल गौवंश की सेवा करने वाले गौसेवक अरविन्द जोशी का भी सम्मान किया गया।
कार्यक्रम में सहयोग करने वाले सतीश मीणा एवं डॉ. रिपुदमन का सम्मान किया गया। आयोजन के अंत में केक काटकर उत्सव मनाया गया। धन्यवाद ज्ञापन डॉ. पदमा मील ने किया।
